Mauni Amavasya Date Meaning: मौनी अमावस्या की तिथि कैसे तय होती है?

मौनी अमावस्या की तिथि हर साल अलग क्यों होती है? यह लेख पंचांग गणना और खगोलीय स्थितियों को सरल भाषा में समझाता है
परिचय
I am Ritika Rawal, a ground-level religious writer exploring Gods, Aarti traditions, Horoscope, Panchang and temple culture. I work closely with local pandits and experienced astrologers, bringing their real insights... I am Ritika Rawal, a ground-level religious writer exploring Gods, Aarti traditions, Horoscope, Panchang and temple culture. I work closely with local pandits and experienced astrologers, bringing their real insights to readers. My focus is pure, authentic spiritual reporting that connects rituals with everyday faith.

मौनी अमावस्या की तिथि हर साल अलग क्यों होती है? यह लेख पंचांग गणना और खगोलीय स्थितियों को सरल भाषा में समझाता है

मकर संक्रांति पर तिल क्यों खाया जाता है? क्या यह केवल परंपरा है या इसके पीछे मौसम और स्वास्थ्य से जुड़ा कारण भी है?

हिंदू पंचांग में तारीख रात 12 बजे नहीं बदलती बल्कि सूर्योदय से क्यों? जानिए तिथि, चंद्र-सूर्य गणना और समय का विज्ञान

हिंदू कैलेंडर में दिन की शुरुआत सूर्योदय से क्यों जोड़ी जाती है जबकि घड़ी के अनुसार दिन मध्यरात्रि से शुरू होता है इस फर्क को सरल तरीके से समझिए

हिंदू कैलेंडर में अधिक मास क्यों आता है? 12 मास होने के बावजूद यह अतिरिक्त महीना क्यों जोड़ा जाता है इसके पीछे का वैज्ञानिक संतुलन जानिए

हिंदू कैलेंडर में चंद्रमास और सौरमास अलग क्यों माने जाते हैं? अगर तिथि चंद्रमा से बनती है, तो ऋतु और साल सूर्य से क्यों जुड़े होते हैं?

हिंदू कैलेंडर में एक ही महीने को अलग नाम और सीमा के साथ क्यों देखा जाता है? क्या यह गणना की गलती है या परंपरा की समझ

भारत में हिंदू कैलेंडर बोलते ही कई लोगों के मन में एक सीधी सी तस्वीर बनती है चंद्रमा की कलाएं तिथियां त्योहार और व्रत। लेकिन यहीं एक उलझन भी छिपी रहती है अगर यह कैलेंडर चंद्रमा पर चलता है तो फिर ऋतुएं गर्मी बरसात सर्दी हर साल लगभग उसी समय कैसे आती रहती हैं ? […]

शुक्ल और कृष्ण पक्ष हिंदू कैलेंडर में चंद्रमा के बढ़ने-घटने पर आधारित समय-खंड हैं। इनकी गणना तिथि और खगोलीय कोण से जुड़ी होती है

हर साल नए संकल्प बनते हैं लेकिन कुछ ही टिकते हैं। आखिर नए साल 2026 के संकल्प ज़्यादातर लोग क्यों छोड़ देते हैं?